Sat. Apr 4th, 2020

Corona Virus Details | Sars Coronavirus | कोरोनावायरस

Corona Virus Details| Coronavirus in Hindi

Corona Virus: कोरोनावायरस क्या है?

कोरोनावायरस (Corona Virus) एक प्रकार का ऐसा वायरस है जिसका संबंध ऐसे वायरस के परिवार से है जिसके कारण जुकाम होने के साथ साथ सांस लेने में तकलीफ जैसी समस्यां होनी शुरू हो जाती है। यह बहुत ही खतरनांक Virus है जिसकों पहले कभी भी नहीं देखा गया है। (Coronavirus is a type of virus that belongs to a family of viruses that cause colds as well as problems with breathing. This is a very dangerous Virus that has never been seen before.) इस वायरस का पहला संक्रमण चीन के वुहान शहर में देखने को मिला और अब यह चीन के कई शहरों के भी अपने चपेट में ले रहा है। डब्लूएचओ के एक रिसर्च के अनुसार जब किसी व्यक्ति पर इस Virus का संक्रमण हो जाता है तो उस व्यक्ति में बुखार, खांसी और सांस लेने में तकलीफ जैसी समस्यां देखने को मिलती है।

इस वायरस को अब गंभीर तीव्र श्वसन सिंड्रोम कोरोनावायरस 2 (SARS-CoV-2) के रूप में जाना जाता है। यह जिस रोग का कारण होता है उसे कोरोनावायरस रोग 2019 (COVID-19) कहा जाता है। COVID-19 का प्रभाव इतना तेज हो गया है कि यह कई देशों में अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है। कोरोनावीरस की तेज से आज यूएस पब्लिक हेल्थ ग्रुप, जैसे कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और यूएस सेंटर फॉर डिसीज़ कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) आदि बहुत अधिक चिंतित है।



कोरोना वायरस से संबंधित अपडेटेड सामाचार

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय भारत सरकार ने कोरोनो वायरस के प्रकोप को देखते यह पुष्टि किया है कि अब भारत कोरोनो वायरस से पीड़ित व्यक्तियों कि संख्या 1397 हो चुकी है। यह एक बहुत ही चिंता का विष्य है। अभी तक हमारे देश में कोरोनो कारण मृतु की संख्य 35 हो चुकी है।

(The Union Ministry of Health, Government of India has confirmed that due to the outbreak of Corona Virus, the number of people suffering from Coronavirus has now reached 1397. This is a matter of great concern. So far, there have been 35 deaths due to coronation in our country.)




भारत में आज तक COVID-19 से  1397 से अधिक लोग पीड़ित हो चुके हैं, जिनमें 35लोगों की मृतु भी हो गई है।

उद्यम पूंजीपतियों और स्टार्ट-अप्स के एक समूह ने Prime Minister Narendra Modi से अपील किया है कि वे इस सप्ताह प्रमुख COVID-19 (Corona Virus) के प्रकोप से लड़ने के लिए “इस सप्ताह के दौरान प्रमुख शहरों lock-downs करें और धारा 144 लागू करें”।

मंगलवार रात ट्वीट किए गए पावरपॉइंट प्रेजेंटेशन में, Urban Company के सह-संस्थापक अभिराज सिंह भील ने पहचान की कि अंतर्राष्ट्रीय स्थानों ने “जल्दी और दृढ़ता से काम किया था (दक्षिण कोरिया, सिंगापुर और जापान)” इनकी तुलना में प्रकोप के प्रबंधन के लिए एक स्थिति जो “इंतजार किया और देखा (ईरान, इटली और संयुक्त राज्य अमेरिका)”।

“वायरस राष्ट्रीयता के आधार पर भेदभाव नहीं करता है – प्रारंभिक, मजबूत और निर्णायक कार्रवाई की कुंजी है। 20 मार्च, 2020 से शुरू होने वाले दो हफ्तों के लिए प्रमुख शहरों में धारा 144 और lock-downs (घर पर रहने वाले नागरिक) का प्रस्ताव रखें।

इसमें कुछ विदेशी नागरिक भी है। भारत सरकार तथा कई राज्य सरकारों ने Coronovirus को पहले ही अत्यधिक संक्रामक बीमारी अथार्त महामारी का नाम दे चुके हैं। भारत में सऊदी अरब से लौटे 76 वर्षीय व्यक्ति तथा दिल्ली में 68 वर्षीय एक महिला की मृतु इस बीमारी के कारण हो चुकी है।

कोरोनोवायरस को देखते हुए भारत सरकार ने 30 जून 2020 तक आवश्यक वस्तु अधिनियम के अंतर्गत मास्क और हैंड सैनिटाइज़र को आवश्यक वस्तु के रूप में घोषित कर चुकी है। राज्य निर्माताओं से मास्क और हैंड सैनिटाइज़र उत्पादन क्षमता बढ़ाने के लिए कहा गया है। ताकि भारत में इसकी कमी न हो। लेकिन Coronovirus का अफावाह भारत में इतना ज्यादा हो गया है कि लोगों में मास्क और हैंड सैनिटाइज़र की डिमांड बहुत ज्यादा हो गई है जिसके चलते इसकी किमते आसमान छुने लगी है और बहुत से लोगों को तो यह मिल भी नहीं पा रहा है।

भारत में Coronovirus के मामलों की संख्या को बढ़ने के कारण भारत सरकार भी इसकों लेकर काफि गंभीर हो गई है और लोगों से अपील किया है कि कोरोनोवायरस से घबराने की जरूरत नहीं है बल्कि कुछ सावधनियां बरतने की जरुरत है। सावधानियां बरतना ही इसका एक मात्र उपचार है इस समय।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने COVID-19 अथार्त Coronovirus को महामारी घोषित किया है। स्वास्थ्य मंत्रालय भारत सरकार के अधिकारी ने कहा कि 1397 कोरोनोवायरस से पीड़ित मामलों के संपर्क में आए 4,000 से अधिक लोगों को संपर्क ट्रेसिंग के माध्यम से पहचाना गया है और उन्हें ट्रैक किया जा रहा है, जबकि देश भर में 42,000 लोग हैं। सामुदायिक निगरानी में रखे गये हैं।

भारत सरकार बढ़ते कोरोना के प्रभाव को देखते हुए हर संभव इसको रोकने का प्रयास कर रही है। भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने भारत में कोरोना से लड़ने के लिए परीक्षण दिशानिर्देश दिए हैं। इसमें यह भी कहा गया है कि वर्तमान में कोविड-19 का कोई सामुदायिक प्रसारण नहीं हुआ है। अभी तक चीन के वुहान से फैले कोरोना वायरस से करीब 122 से ज्यादा देश शिकार हो चुके हैं।

कोरोना वायरस से वैश्विक तौर पर 12 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है जबकि लगभग 2 लाख लोग संक्रमित हैं। चीन के बाद इटली में कोरोना से सबसे ज्यादा मृतु हुई है।

अब अगर भारत की बात करें तो भारत में 1397 से ज्यादा संक्रमित केस सामने आ चुके हैं। वहीं भारत के कर्नाटक के कुलबर्गी में इस वायरस से पहली मौत हुई। इसके बाद दिल्ली में इस वायरस से एक बुजुर्ग महिला की मौत हो गई। यानी भारत में अभी तक इस वायरस से अभी तक 35 लोगों की मौत हो चुकी है।




कोरोना वायरस के सैंपल की जांच

(Corona virus sample investigation):

कोरोना वायरस से पीड़ित बहुत सारे मरीजों से लिये गये सैंपल की जांच प्रयोगशाला में की जा रही है, चीन के स्वास्थ्य अधिकारियों और विश्व स्वास्थ्य संगठन अथार्त डब्लूएचओ ने कहा है कि यह बहुत ही खतरनांक Corona Virus है। इस वायरस की कई किस्में बतायी जा रही है, लेकिन इनमें से कुल 6 किस्में ऐसी है जो लोगों को संक्रमित कर सकती है। अभी वायरस की जांच चल रही है पुरा पता रिसर्च के बाद ही पता चलेगा। नए वायरस के जेनेटिक कोड की जांच होने पर पता चला है कि यह मानवों को संक्रमित करने की क्षमता रखने वाले अन्य Corona Virus की तुलना में सार्स से कुछ मेल खाती है। चीन के नेशनल हेल्थ कमीशन ने कहा है कि कोरोना वायरस को अभी भी कंट्रोल किया जा सकता है।

सार्स कोरोना वायरस (Sars Coronavirus):

एक रिसर्च के अनुसार सार्स नामक कोरोना वायरस बहुत ही खंतरनाक होता है। Sars Coronavirus ने साल 2002 में 8,098 चीन के लोगों को संक्रमित किया था और उनमें से 774 लोगों की मृत्यु हो गई थी।




कोरोना वायरस के लक्षण (Symptoms of corona virus):

  1. बुखार
  2. सिरदर्द
  3. खांसी
  4. नाक बहना
  5. गले में ख़राश
  6. छींक आना, अस्थमा का बिगड़ना
  7. सांस लेने में तकलीफ या सांस की तकलीफ
  8. अस्वस्थता का अहसास होना
  9. थकान महसूस करना
  10. निमोनिया, फेफड़ों में सूजन
  11. नीले होंठ या चेहरा

कुछ रिपोर्ट के जांच के आधार पर बीमारियों की पुष्टि हल्के लक्षणों से लेकर गंभीर बीमारी और पुष्टि कोरोनोवायरस बीमारी 2019 (COVID-19) के मामलों में हुई है।

Note: निम्नलिखित लक्षण एक्सपोज़र के 2-14 दिन बाद दिखाई दे सकते हैं। यहां पर गौर करने वाली बात यह है कि यह जरूरी नहीं के सारे लक्षण सब रोगी में दीखाई पड़ें। किसी भी अन्य लक्षणों के लिए कृपया अपने चिकित्सा प्रदाता से परामर्श करें जो गंभीर या संबंधित हैं। COVID-19 से पीड़ित रोगी में लक्षणों की गंभीरता बहुत हल्के से लेकर गंभीर तक हो सकती है। जो लोग अधिक उम्र के हैं उनको बहुत अधिक सावधानी बरतनी चाहियें। मौजूदा चिकित्सा स्थितियां हैं, जैसे कि हृदय रोग, गंभीर बीमारी पीड़ित व्यक्ति भी सावधानी भी बरतें।

कोरोनावायरस मुख्य रूप से उन लोगों द्वारा फैलता है जो पहले से ही इससे पीड़ित होते हैं और उनको पता नहीं होता कि उनको यह है। कुछ लोग तो इससे इतना अनजान होते हैं कि इस रोग का क्या लक्षण हो यह भी नहीं जानते। जिसके कारण अनजानवस वे इसकों फैला देते हैं। इस रोग का फैलने का सबसे बड़ा कारण जानकारी का अभाव है। जानकारी के लिए बता दें कि कोरोनावायरस में बुखार, खांसी या सांस लेने में कठिनाई आदि शामिल है इसके अलवा हमने इसके पूरे लक्षण उपर दे दी है। । कोरोनावायरस के प्रकोप को नियंत्रित करना असान काम नहीं है, यदि इसको नियंत्रित करना है तो सबसे पहल इसकी जानकारी को ध्यान पूर्वक पढ़ें और लोगों को सहीं जानकारी दें। लोगों को डरने की जरुरत नहीं है, बस जानकारी लेने की जरुरत है। यही इसका सटीक उपाय है।

कोरोना वायरस बना अंतर्राष्ट्रीय आपातकाल का कारण

चीन Corona Virus को फैलने से रोकने के लिए बहुत कोशिश की जा रही है, इस वायरस को देखते हुए चीन में नववर्ष की छुट्टियां बढ़ा दी गई है। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने Coronavirus को देखते हुए पहले से ही इमर्जेंसी घोषित कर दिया है। भारत में भी इसके कुछ मामले सामने आने लगे हैं। स्वास्थ्य अधिकारियों के पास Coronavirus को फैलने से रोकने के लिए बहुत ही कठीन चुनौती है। अब तो दुनियां भर में इसके कई मामले सामने आने लगे हैं। जिसकों देखते हुए ही विश्व स्वास्थ्य संगठन अथार्त डब्लूएचओ ने अंतर्राष्ट्रीय आपातकाल (International emergency) घोषित किया है। चीन और भारत के अलावा बहुत सारे देश जिनमें थाईलैंड, सिंगापुर, ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण कोरिया, जापान, मलेशिया, फ्रांस, अमेरिका और संयुक्त अरब अमीरात आदि देशों में भी इसके कई मामलों की पुष्टी हो चुकी है।

कोरोना वायरस से बचाव

Coronavirus से बचाव के लिये स्वास्थ्य मंत्रालय ने दिशानिर्देश जारी कर दिये हैं जिसके अनुसार हाथों को साबुन से धोना चाहियें, अल्कोहल आधारित हैंड रब का उपयोग करें, खांसते और छीकते समय नाक और मुंह रूमाल से ढककर रखें, कोल्‍ड और फ्लू से पीड़ित लोगों के समीम जाने से बचे, अंडे तथा मांस का सेवन करने से बचे और जंगली जानवरों के समपर्क में न आयें।

 




कोरोना वायरस को लेकर WHO की चेतावनी

WHO ने कहां की कोरोना वायरस जिस गति के साथ फैल रहा है उसे बच पाना मुश्किल हो रहा है। सभी देशों को इससे लड़ने के लिये तैयार रहना चाहिए।

जानकारी के लिए बाता दे कि कोरोना वायरस का कहर अब थमने का नाम नहीं ले रहै है इसलिए पूरी दुनियां इस समय परेशान है कि इससे कैसे निजात पाया जायें। WHO ने कहा कि यह केवल चीन से नहीं फैल रहा है बल्कि चीन से आने जाने वालों हजारों लोगों के द्वारा यह दूसरे देशों में बहुत तेजी से फैल रहा है।

कोरोना वायरस को लेकर पीएम का मार्मिक अपील

PMs Speech in brief

कोरोना वायरस को हराने के लिए पीएम का भाषण तथा सुझाव:

  1. जनता कर्फ्यू रविवार, 22 मार्च को सुबह 7 से 9 बजे तक होगा। इस दिन घरों के बाहर कोई न जायें।
  2. सामाजिक दूरी को बनाने का प्रयास करें।
  3. केंद्र के द्वारा दी दिशानिर्देशों का पालन करें।
  4. सामाजिक दूरीऔर जनता कर्फ्यू के संदेश को दस लोगों तर पहुंचायें।
  5. यह हमारे संयम और संकल्प की क्षमता की परीक्षा होगी
  6. हमारे सभी आवश्यक सेवा प्रदाता जैसे चिकित्सा पेशेवर, परिवहन सेवा प्रदाता, आदि स्वयं हमारे लिये कार्य कर रहे हैं रविवार, 22 मार्च को शाम 5 बजे हमारी बालकनियों, दरवाजों और खिड़कियों से कृप्या इनको तेज ताली बजाकर धन्यवाद दें।
  7. रूटीन चेकअप के लिए अस्पतालों में जाने से बचें। छोटी समस्याओं के लिए फोन पर परिवार के डॉक्टरों को बुलाएं।
  8. ऐच्छिक सर्जरी स्थगित कर दी जानी चाहिए।
  9. इस महामारी के कारण होने वाले आर्थिक मुद्दों को कम करने के लिए सरकार द्वारा COVID-19 आर्थिक कार्य बल का गठन किया गया है।
  10. व्यापारियों, कारोबारियों से अनुरोध किया गया है कि वे अपने कर्मचारियों का भी ध्यान रखें।
  11. आवश्यक वस्तुएं जैसे दूध, दवाएं आदि प्रभावित नहीं होंगी। तो कृपया आइटमों को जमा न करें। कोई घबराहट नहीं।
  12. मानवता और भारत को यह लड़ाई जीतनी चाहिए!

PM Narendra Modi Speech in brief (19-03-2020):

India cannot become complacent !! Steps to be taken as a nation to combat this pandemic:

  1. Janata curfew Sunday, 22 March 7 am to 9 pm. No one outside homes this day at all.
  2. Social distancing to be practiced
  3. Abide by centers guidelines
  4. Call 10 people and spread this message of social distancing and Janata curfew.
  5. This will be a test of our ability of restraint and resolve
  6. All our essential service providers like medical professionals, transport service providers , etc are outdoing themselves . Let’s thank them by clapping and cheering them on Sunday, 22 March at 5 pm sharp from our balconies, doorway s and windows.
  7. Avoid going to hospitals for a routine checkup. Call family doctors over the phone for small problems .
  8. Elective surgeries should be postponed.
  9. COVID 19 Economic Task force has been set up by the government to reduce economic issues caused by this pandemic.
  10. Traders , business people have been requested to take care of their employees also.
  11. Essential commodities like milk, medicines,etc will not be affected . So please don’t hoard items . No panic buying.
  12. Humanity and India should win this fight!

एक संदेश भारत के नाम:

कोरोना का हराना है तो मिलकर साथ निभाना है….✍️VK SINGH

कोरोना को हराना है तो मिलकर साथ निभाना है

19 मार्च से आगे 7-8 दिन यदि आप अपने को और अपने परिवार को कोरोना से बचा ले जांय तो समझिए आधी से ज्यादा जंग हमने जीत लिया। दरसल 19 तारीख से हमारे देश में कोरोना का तीसरा चरण प्रारम्भ होगा जिसे कम्यूनिटी इनफेक्शन कहते हैं। इस समय अन्तराल में कोरोना एक व्यक्ति से दूसरे में तेजी से फैलता है। इस समय यदि अपने परिवार को बचा लें तो जंग जीत सकते हैं।

खुद को व परिवार को बचाने के लिए होम आइसोलेशन अर्थात अपने घर पर ही रहना उचित है ऐसा करके आप स्वयं को और समाज को और देश को बचा सकते हो

जिंदा रहना है तो सीरियस होना होगा वरना आने वाले दो सप्ताह की कल्पना मुश्किल होगी।

देश-दुनियां में कोई मुसीबत भारत के लोगों के मजाक, हंसी ठिठोली का साधन बन जाती है। पूरी दुनियां में केाहराम मचाए कोविड 19 का जितना मजाक भारत में बन रहा उसका आधा मजाक भी पूरी दुनियां के लोग मिलकर नहीं बना पा रहे हैं क्योंकि चीन, जापान, फ्रांस, इटली, ईरान समेत तमाम देशों ने अपनी आंखों के सामने अपनों की लाशें देखी हैं। उनको इसके ख्रतरे का ना सिर्त अंदाजा हुआ बल्कि उसे भुगता भी है। भारत में अभी सिर्फ तीन लाशें ही सामने आई हैं क्योंकि अभी हम वायरस फैलने के सैकंड स्टेज पर चल रहे हैं। कल्पना करना मुश्किल होगा जिस दिन ये तीसरी स्टेज पर पहुंची। जिन देशों में ये तीसरे चरण में पहुंचा उससे 100 गुना बुरी हालत भारत की होगी क्योंकि यहां के लोगों को इस वायरस के प्रकोप से बचने के बजाय उसकी मजाक बनाने में वक्त बीतता है।

मेरे एक मित्र ने कल मुझसे हाथ मिलाने की कोशिश की। मैने हाथ जोड़ दिए तो उन्होंने मेरा मजाक बनाने के लिए दूसरे व्यक्ति के गले मिल लिए। बोले, देखें मुझे कैसे होता है कोरोना। उनके इस अंदाज ने मुझे भारत में कोरोना के वायरस के तीसरे स्टेज की कल्पना का भयावह दृश्य सामने ला दिया। वजह ये हैं कि विदेश में सरकार किसी पार्टी की हो लेकिन वो अपनी सरकार के प्रत्येक आदेश को गंभीरत से पालन करते हैं और जो पालन नहीं करते उनके साथ वहां की सेना पालन करवना जानती है। हम जाति, धर्म, राज्य, राजनीति पार्टी और सेखी बघारने के लिए नियमों को तोड़ने में आनंदित होते हैं। मैं जानता हूं कि भारत सरकार, सभी राज्यों की सरकारें, स्वास्थ्य महकमा इस अंदेशे को भांप चुकी हैं। स्कूल, कॉलेज, ट्रेन, मॉल्, मंदिर सब धीरे-धीरे बंद हो रहे हैं लेकिन कुछ राक्षसी मानसिकता के लोग जो इसे गंभीरता से नहीं समझना चाहते वे खुद भी मरेंगे और दूसरों को खतरे में डालेंगे।

मेरा विनम्र आग्रह है कि सरकार जो भी कह रही उसका पालन करें। हाथ साफ करें बार बार, किसी से हाथ ना मिलाएं।एक मीटर की दूरी से बात करें, साथ में खाना ना खाएं, कुछ अंदेशा हो तो चिकित्सक को दिखाएं। वरना जिस दिन मजाक बनाने वालों की मां, बाप, पत्नी, बेटा, बेटी या कोई और इसकी चपेट में आया उस दिन सारी मजाक धरी रह जाएगी और फिर चुनाव के वक्त् सरकार को कोसोगे कि सरकार ने हमारे परिजन की जान नहीं बचाई। या पर्याप्त उपचार नहीं मिला। सरकार अभी इजाज के मामले में कई देशों से आगे हैं लेकिन जिस तरह वहां की जनता से वहां की सरकारों का साथ दिया उस तरह हम भी अपनी केन्द्र और अपनी-अपनी राज्य सरकार के आदेशों का पालन करें। गंभीर हो जाएं। वरना आने वाले दो सप्ताह बाद वो नजारा देखने को मिलेगा जिसकी कल्पना नहीं कर पाओगे। पता नहीं कल्पना करने लायक बचोगे भी या नहीं पर अगर साथ दिया। सही तरीके से चले। खुद पर और परिवार पर ध्यान दिया तो हमारे डाक्टरों के पास इसक पूरा इलाज है। किन्तु वो सीमित संसाधनों के साथ । कुछ लोग ठीक करके घर भेज दिए हैं। जो भर्ती है उनमें से ज्यादातर की तबियत में सुधार हो रहा है। मेरा आप सभी से विनम्र निवेदन है कि प्लीज भविष्य को बचाने के लिए वर्तमान में थोडी सावधानी बरतें।

सलाम है डाक्टर-नर्सिंग स्टॉफ को

आज पूरे देश की शान हमारे चिकित्सक और नर्सिंग स्टाफ बन चुक है। खुद की जान खतरे में डाकटर कई घंटे और कई दिनों तक अपने घर से दूर रहकर आमजनों की जान बचाने में जुटे हैं। उनको सेल्यूट है। हम सब उन चिकित्सकों और नर्सिंग स्टाफ के परिवारों को सांवत्वना और भरोसा दें।

मैं इस कल्चर का विरोध नहीं कर रहा पर आग्रह है कि कुछ दिनों के लिए झुंड में न रहें, बैठें तो भी दूरी बनाकर, घरो में रहें। ताकि ना आप किसी को वायरस दे सको और ना आप अपने घर में दूसरे से वायरस ला सके।

क्या होगा अगर कुछ दिन ये नहीं करोगे तो

  1. क्या होगा अगर कुछ दिन दोस्तों के साथ बात नहीं कर पाओगे, फोन पर कर लो
  2. क्या होगा अगर कुछ दिन बाजार नहीं जाओगे, नंगे तो नही हो इतने कपड़े तो घर पर होंगे
  3. क्या होगा अगर अपनी मांगें मनवाने के लिए कुछ दिन धरना-प्रदर्शन विरोध नही करोगे जब सब ठीक हो जाए तब कर लेना
  4. क्या हो जाएगा अगर कहीं घूमने नहीं जाओगे तो सब सामान्य हो जाए तब चले जाना
  5. क्या होगा अगर दिन में 10 बार हाथ धो लोगे।
  6. क्या होगा अगर मजाक उड़ाने की वजाय लोगों को जागरुक करने के लिए मैसेज करोगे।
  7. क्या होगा जो जागरुक मैसेज दूसरों को फॉरवर्ड करते हो उसका खुद भी पालन कर लोगे
  8. क्या फर्क पड़ता है कि सरकार किसकी है और वे क्या कह रहे हैं, मतलब इतना रखो वो आपके हित के लिए कर रहे हैं।

क्योंकि मौत ना जाति, ना धर्म, ना क्षेत्र, ना उम्र, ना राज्य, ना इलाका और ना लिंग और ना सूरत देखकरआती है।
इसलिए मेरी विनम्र अपील, अभी वक्त है। मान जाओ। मेरी पोस्ट पढ़कर कुतर्क करने की वजाय जितने शब्द अच्छे लगे उसे पालन कर लो। वरना कुछ लोगों के लिए लिखने वाले की पोस्ट पर कुर्तक और तर्क करने की आदत होती है। और तर्क-कुर्तक भी करना है तेा कर लेंगे चार महीने बाद सब सामान्य हो जाएगा अभी अपनी, अपने परिवार, मित्र पड़ोसियों के हित में सोचें।।

धन्यवाद!

रोगप्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए कुछ आयुर्वेदिक औषधियां

  1. सी-बक्थोर्न कैप्सूल
  2. नोनी कैप्सूल
  3. फ्लैक्स ऑयल कैप्सूल
  4. स्पिरुलिना कैप्सूल
  5. शरीर को स्वस्थ रखने में सहायक औषधि

 

 

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